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नेचर्स बेस्ट फोटोग्राफी -एशिया में अवार्ड जीता इंदौर के वाइल्ड लाइफ फोटोग्राफर अमरेश मिश्रा ने

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इंदौर के टेलेंट की धूम पूरी दुनिया में मची हुयी है और उसी में इस मानसून के साथ एक अच्छी खबर यह की फोटोग्राफी वर्ल्ड के सबसे प्रेस्टीजियस अवार्ड्स में से एक “नेचर्स बेस्ट फोटोग्राफी” के एशिया चेप्टर का अवार्ड २०१५ के लिए इंदौर के अमरेश मिश्रा ने जीता है | 

इस प्रतियोगिता का आयोजन अमेरिका की नेचर्स बेस्ट फोटोग्राफी पत्रिका और स्मिथसोनियन नेचुरल हिस्ट्री म्यूजियम द्वारा किया जाता है। इस म्यूजियम को देखने के लिए हर साल दुनिया भर से करीब 70 लाख लोग पहुंचते हैं। 

अमरेश की उपलब्द्धि सिर्फ इंदौर के लिए गौरव की बात नहीं है, बल्कि वे पूरे प्रदेश के ऐसे पहले फोटोग्राफर बन गए हैं , जिसने ये अवार्ड जीता है| 

अमरेश , पेशे से प्रसिद्द आई टी कंपनी यश टेक्नोलॉजीस में जीएम हैं, और अपने फोटोग्राफी के शौक के चलते काम और परिवार के साथ इसे अपना पैशन मानते हैं | इसी शौक के चलते पिचले कई सालों से वे अपने साल की प्लानिंग में कम से कम ५ टूर्स करते हैं , अलग-अलग नेशनल पार्क्स, बर्ड्स सेन्चुरीज़ और जंगलों में …अमरेश मूलत: इंदौर के रहने वाले हैं और वाइल्ड लाइफ फोटोग्राफी , बार्डिंग और नेचर्स फोटोग्राफी इनका शौक और महारत दोनों हैं |  

अमरेश को इस बार “बर्ड्स हाइली ऑनर्ड” अवार्ड   “नेचर्स बेस्ट फोटोग्राफी”  में  मिला है,

उनके इस फोटोग्राफ पर :

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कैसे बना ये अद्भुत शॉट, इस फोटोग्राफ की कहानी ,

खुद अमरेश से सुनते हैं :

 

“यह मेरा चौथा दिन था २०१५ के इस भरतपुर ट्रिप का और में सोच रहा था की काश मुझे एक वो शॉट मिले जिसका इंतज़ार मैं २ सालों से कर रहा हूँ …मैं एक डार्टर को क्लिक करना छह रहा था जिसके बैकग्राउंड में ओरंज सनसेट का बेहतरीन नज़ारा था , डार्टर जिसे स्नैक्बर्ड (उसकी सांप जैसी गर्दन के लिए यह नाम पड़ा ) भी कहते हैं क ट्रोपिकल जल-पक्षी है| यह पानी में गोता लगाने के बाद अपने पंखों को सुखाने के लिए किसी सुरक्षित स्थान पर आ जाता है और अपने पंखो खोल लेता है और  सुखाता है किसी पेड़ पर बैठकर …मैंने ऐसे ही एक पोजीशन ली जहाँ पेड़ था और सूरज धीमे-धीमे डूब रहा था , डार्टर पक्षी सामान्यत: आते हैं बैठकर पंख सुखाने के लिए …|

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रेडी फॉर क्लिक

१५ से २० मिनिट हो गए थे , डार्टर पक्षी कही नहीं थे और सूरज तेज़ी से डूब रहा था , लाईट भी कम हो चली थी  ….उम्मीद कम ही थी , तभी अचानक एक डार्टर पानी से बाहर आया और सबसे निचली दाल  पर आकर बैठ गया …पर वह सूरज के बैकग्राउंड की लाइन में नही था ..मैं आशा करने लगा की काश यह थोड़ा और ४-५ फीट ऊपर जाकर बैठे और सूरज के साथ मैं उसे ठीक से फ्रेम कर सकूँ |

कुछ पल बीते और डार्टर ऊपर की दाल पर फुदक कर बैठ गया , उसी समय सूरज भी लगभग डूबने की स्थिति में आ गया था और मैं इस अद्भुत और बेहतरीन कोम्पोजीशन को मैंने अपने कैमरे से क्लिक कर लिया | ये एक ना भूलने वाला पल था ….

इस तरह के शॉट्स बहुत ही मुश्किल और चुनौतियों से भरे होते हैं और परिस्थितियों पर हमारा कोई कंट्रोल नहीं होता , धैर्य और बहुत सारा इंतज़ार इसमें शामिल होता है | ” 

 

 

पूरे एशिया के फोटोग्राफर्स इस कांटेस्ट में बढ़-चढ़ कर हिस्सा लेते हैं | इस बार भी १२००० फोटोग्राफ्स की इन्ट्रीज़ में से अमरेश ने यह उपलब्द्धि हांसिल की है |

अमरेश की फोटोग्राफ  समेत सभी पुरस्कृत तस्वीरों को करीब एक वर्ष के लिए स्मिथसोनियन म्यूजियम की फोटो गैलरी में लगाया जाएगा तथा योकोहामा, जापान में अगस्त 2016 में प्रदर्शित किया जाएगा व कुछ अन्य एशियाई देशों में भी प्रदर्शनी लगाने पर विचार किया जा रहा है।

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इस कांटेस्ट में ५ कैटेगरी में ५ विनर्स और ५ ऑनरेबल विनर्स रहे …… 

किसी भी फोटोग्राफर का यह एक ख्वाब होता है की वह इस प्रतियोगिता में ज़रूर हिस्सा ले और जीते , अमरेश पिछले २ सालों से इस मोमेंट के लिए बहुत सारी फोटोग्राफी कर रहे थे और उन्हें अपनी मेहनत का फल मिला , इस बेहतरीन अवार्ड के रूप में …इंदौर के फोटोग्राफर्स के लिए यह एक इंस्पाइरिंग मोमेंट है और ख़ुशी का मौक़ा भी …

आप जब इस विनर्स लिस्ट की लिंक पर जायेंगे  http://naturesbestphotography.asia/en/gallery/ तब आप पायेंगे की अमरेश ने कितने ज़बरदस्त फोटोग्राफ्स के बीच में अपनी जगह बनाइ है तो आप को उनकी प्रतिभा का अंदाजा लग जाएगा | 

अमरेश की फोटोग्राफी किट :

Nikkon D7000 Camera , Lens 18-55 mm, 150-600 Tamron and Accessories 

अमरेश हमेशा अपनी फोटोग्राफी को लेकर पैशनैट रहे हैं …वो अपने नोलेज को भी हमेशा शेयर करते हैं , उनका कहना है कि

 ” वाइल्ड लाइफ फोटोग्राफी में सेकेंड्स में मूवमेंट करना होता है उस “पल” के लिए , यदि आपने मोमेंट मिस किया तो वो “पल” फिर नहीं आता सब ख़तम …यह सिर्फ सब्र और आप के नॉलेज की बात है की आपको जगह, मौसम, सब्जेक्ट और परिस्थितयों की कितनी जानकारी है |

कई बार एक मोमेंट या उस ख़ास “पल”के लिए कई घंटे, दिन , महीने या साल भी लग जाते हैं और तब जाकर सफलता मिलती है |

ये हैं कुछ और फोटोग्राफ्स जो अमरेश की गैलेरी में शामिल है, आप सभी को बहुत पसंद आएँगी :

गैलेरी फोर्मेट में देखने के लिए इन्हें क्लिक करें …

अमरेश से संपर्क कर सकते हैं : mishra_amresh@yahoo.com 

इनका फेसबुक पेज भी लैक कर सकते हैं : https://www.facebook.com/AmreshMishraPhotography

Congratulations to this young and passionate photographer

of our city Indore …..Keep it up Amresh..

– Sameer Sharma | www.ohindore.com 

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वामन हरी पेठे, इंदौर

About Sameer Sharma

Founder and Editor, www.ohindore.com
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